अभिव्यक्ति
Saturday, 27 February 2021
दिल वाला साबुन ..
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देखो ,दिल वाला साबुन महकता -सा ...... जैसे ही चेहरे पर लगाया एक बडा़ -सा बुलबुला बना उसमें तेरा अक्स दिखा प्यारा -सा .... फिर खेलने लगी ...
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Sunday, 27 December 2020
एक पत्र , मानव के नाम ......
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नमस्ते 🙏🏼हे मानव , आज मैं बहुत खुश हूँ ,बताऊँ क्यों ? बस चार दिन शेष हैं मेरी जिंदगी के .....😊 आप कहेगें ,अरे भाई .....
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Tuesday, 24 November 2020
मेरे मन की बात ..
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बात मेरे मन की है ,जरूरी नहीं आप भी सहमत हों इससे 🙏🏻 बात कुछ दिनों पहले की है....जब कोविड का डर नहीं था । मैं रोज बगीचे में घूमने जाया करत...
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पुराना दोस्त
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सुना था कि ,तुमनें इस दिवाली ....... सारा घर साफ कर डाला । घर ? या वो यादें वो सपने .. वो नोटबुक की स्याही वो आँगन का बडा पेड़ ...
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Wednesday, 30 September 2020
एक थी आशा
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एक थी आशा .... हँसती -गाती , मुस्कुराती ,सुंदर ,सलोनी -सी माँ की दुलारी थी . कितने सारे सपने थे उसके कुचल दी गई वहशी दरिंदों द्वारा क्...
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दिखावा ...(.लघुकथा )
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माँ जी ,आज मेरी माँ की तबियत ठीक नहीं है ,क्या थोडी देर के लिए मिल आऊँ । माला नेंं अपनी सास से डरते-डरते पूछा । घर का काम कौन करेगा ? आज स...
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Saturday, 22 August 2020
मुंडेर
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यादों की मुंडेर पर बैठा , मन पंछी ........ सुना रहा तराने , नए -पुराने कुछ ही पलों में करवा दिया , बीते सालों का सफर । बचपन...
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